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बिहार कोल्ड प्रेस तेल मिल अनुदान 2026-27: आवेदन 10 अक्टूबर तक

Startuphyper
By Startuphyper

Oct 06, 2026

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बिहार में कोल्ड प्रेस तेल मिल पर कितना अनुदान मिलेगा, कौन से 24 जिले शामिल हैं, कौन से दस्तावेज चाहिए और ऑनलाइन आवेदन कैसे करें, जानें यहाँ।

बिहार कोल्ड प्रेस तेल मिल अनुदान 2026-27: राशि, जिले, दस्तावेज और आवेदन की पूरी जानकारी

बिहार कृषि विभाग कोल्ड प्रेस तेल मिल पर सामान्य वर्ग को अधिकतम ₹2 लाख और एससी/एसटी वर्ग को अधिकतम ₹2.5 लाख का अनुदान दे रहा है। पैकेजिंग मशीन पर अलग से अनुदान मिलेगा। यह योजना 24 जिलों में है, आवेदन ऑनलाइन होंगे और आवेदन की अंतिम तारीख 10 अक्टूबर 2026 बताई गई है।

कोल्ड प्रेस तेल निष्कर्षण एवं पैकेजिंग प्रोत्साहन योजना क्या है?

यह प्रधानमंत्री राष्ट्रीय कृषि विकास योजना (PM-RKVY) के तहत बिहार कृषि विभाग की योजना है। इसका मकसद है कि तिलहन का तेल स्थानीय स्तर पर निकले और पैक होकर बिके, ताकि किसान सिर्फ कच्ची उपज न बेचें। रिपोर्ट के अनुसार वर्ष 2026-27 के लिए ₹4.976 करोड़ (₹497.60 लाख) की स्वीकृति मिली है। राज्य का लक्ष्य 149 कोल्ड प्रेस मिल और 149 पैकेजिंग मशीन, यानी कुल 298 इकाइयाँ बताया गया है।

कितना अनुदान मिलेगा?

अनुदान लागत का प्रतिशत है, लेकिन नीचे दी गई अधिकतम सीमा से ज्यादा नहीं मिलेगा।

मदसामान्य वर्गएससी/एसटी वर्ग
कोल्ड प्रेस तेल मिललागत का 40%, अधिकतम ₹2 लाखलागत का 50%, अधिकतम ₹2.5 लाख
पैकेजिंग मशीनलागत का 40%, अधिकतम ₹1.20 लाखलागत का 50%, अधिकतम ₹1.50 लाख

उदाहरण: अगर मिल की मान्य लागत ₹5 लाख है, तो सामान्य वर्ग के लिए 40% यानी ₹2 लाख बनता है (यही अधिकतम सीमा है), और एससी/एसटी के लिए 50% यानी ₹2.5 लाख बनता है। यह सिर्फ समझाने के लिए है। अंतिम लागत और अनुदान विभाग तय करेगा।

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कौन-सी मशीन पर अनुदान मिलेगा?

योजना में 10 HP या उससे ज्यादा क्षमता की बिजली से चलने वाली कोल्ड प्रेस तेल मिल शामिल है, जिसमें फिल्टर वाली मशीन भी आती है। इसके साथ तेल की पैकेजिंग मशीन पर भी अनुदान है। रिपोर्ट में पैकेजिंग इकाई की परियोजना लागत ₹3 लाख बताई गई है।

किन 24 जिलों में योजना लागू है?

यह योजना 24 जिलों में लागू है। आपका जिला सूची में नहीं है तो इस योजना के भरोसे निवेश न करें।

पटना, नालंदा, भोजपुर, रोहतास, कैमूर, गया, नवादा, औरंगाबाद, सारण, सिवान, गोपालगंज, मुजफ्फरपुर, पूर्वी चंपारण, पश्चिम चंपारण, वैशाली, दरभंगा, समस्तीपुर, बेगूसराय, लखीसराय, जमुई, भागलपुर, बांका, पूर्णिया और कटिहार।

हर जिले का अपना लक्ष्य है। उदाहरण के लिए गोपालगंज में 3 तेल मिल और 3 पैकेजिंग मशीन का लक्ष्य है, और पूर्णिया में 6 लाभार्थी चुने जाएँगे।

आवेदन की अंतिम तिथि और चयन कैसे होगा?

ऑनलाइन आवेदन 10 सितंबर 2026 से शुरू हुए हैं और अंतिम तारीख 10 अक्टूबर 2026 बताई गई है। रिपोर्ट के अनुसार जहाँ आवेदन लक्ष्य से ज्यादा होंगे, वहाँ 14 अक्टूबर को ऑनलाइन लॉटरी से चयन होगा, और 15 से 23 अक्टूबर तक सत्यापन होगा। आवेदन करने से पहले ये तारीखें बिहार कृषि DBT पोर्टल या अपने जिला कृषि कार्यालय से जरूर पक्की कर लें।

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कौन आवेदन कर सकता है?

जिला स्तर की रिपोर्टों के अनुसार किसान और युवा उद्यमी आवेदन कर सकते हैं, लेकिन पात्रता की शर्तें विभाग तय करता है। मशीन लगाने के लिए पर्याप्त जगह होनी चाहिए। सिर्फ किसान होने से चयन पक्का नहीं हो जाता। आवेदन से पहले पात्रता की शर्तें आवेदन पेज पर पढ़ लें।

कौन-से दस्तावेज चाहिए?

  • आवेदक की फोटो
  • आधार कार्ड या पहचान पत्र
  • अपनी जमीन का दस्तावेज, या किराये की जगह हो तो रजिस्टर्ड किरायानामा/लीज
  • मिल और पैकेजिंग मशीन लगने वाली जगह की जियो-टैग फोटो
  • सभी दस्तावेज स्व-सत्यापित हों और एक ही PDF में जोड़कर अपलोड हों

अपलोड करने से पहले यह सूची आवेदन पेज पर एक बार जरूर मिला लें।

ऑनलाइन आवेदन कैसे करें?

  1. बिहार कृषि विभाग का 13 अंकों का पंजीकरण नंबर तैयार रखें। पंजीकरण नहीं है तो DBT पोर्टल पर या नजदीकी वसुधा केंद्र पर कराएँ।
  2. बिहार कृषि DBT पोर्टल पर योजना खोलें।
  3. पंजीकरण नंबर डालें और OTP से सत्यापन करें।
  4. जरूरी जानकारी भरें और सभी दस्तावेजों की एक PDF अपलोड करें।
  5. आवेदन जमा करें।

इसके बाद विभाग आवेदनों का सत्यापन करेगा।

मशीन खरीदने से पहले क्या देखें?

चयन होने से पहले मशीन न खरीदें। अनुदान की उम्मीद में पहले पैसा लगाना जोखिम है। खरीद से पहले ये बातें पक्की करें:

  • मशीन 10 HP या उससे ज्यादा की है और योजना में मान्य है
  • सप्लायर पक्का बिल (इनवॉइस) देता है
  • आपकी जगह योजना की शर्तों पर खरी उतरती है
  • आपकी यूनिट के लिए कौन-से रजिस्ट्रेशन लगेंगे (पैक किए गए खाद्य उत्पाद के लिए आमतौर पर FSSAI, और काम के पैमाने के हिसाब से उद्यम और GST)
  • अनुदान कब मिलेगा, यह जिला कृषि पदाधिकारी से पूछ लें
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अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

कोल्ड प्रेस तेल मिल पर अधिकतम कितना अनुदान मिलेगा?

सामान्य वर्ग को लागत का 40% (अधिकतम ₹2 लाख) और एससी/एसटी वर्ग को लागत का 50% (अधिकतम ₹2.5 लाख)।

क्या पैकेजिंग मशीन पर भी अनुदान मिलेगा?

हाँ। सामान्य वर्ग को 40% (अधिकतम ₹1.20 लाख) और एससी/एसटी वर्ग को 50% (अधिकतम ₹1.50 लाख)।

आवेदन की अंतिम तारीख क्या है?

रिपोर्टों के अनुसार 10 अक्टूबर 2026। पक्की जानकारी के लिए DBT पोर्टल या जिला कृषि कार्यालय देखें।

चयन कैसे होगा?

जहाँ आवेदन लक्ष्य से ज्यादा होंगे, वहाँ ऑनलाइन लॉटरी बताई गई है (14 अक्टूबर), फिर सत्यापन (15 से 23 अक्टूबर)। अपने जिले की सूचना देखें।

कौन-से जिलों में योजना लागू है?

24 जिलों में, जैसे पटना, गया, मुजफ्फरपुर, दरभंगा, पूर्णिया और कटिहार। पूरी सूची ऊपर दी गई है।

कितनी क्षमता की मशीन पर अनुदान मिलेगा?

10 HP या उससे ज्यादा की बिजली से चलने वाली कोल्ड प्रेस मिल, फिल्टर वाली मशीन भी शामिल है।

कौन आवेदन कर सकता है?

रिपोर्टों के अनुसार किसान और युवा उद्यमी, विभाग की पात्रता शर्तों और सत्यापन के अधीन।

क्या अपनी जमीन होना जरूरी है?

अपनी जमीन का दस्तावेज या रजिस्टर्ड किरायानामा/लीज चाहिए, और मशीन लगाने के लिए पर्याप्त जगह होनी चाहिए।

क्या पंजीकरण जरूरी है?

हाँ। ऑनलाइन आवेदन के लिए बिहार कृषि विभाग का 13 अंकों का पंजीकरण नंबर और OTP चाहिए। पंजीकरण DBT पोर्टल या नजदीकी वसुधा केंद्र पर हो सकता है।

कौन-से दस्तावेज लगेंगे?

फोटो, आधार या पहचान पत्र, जमीन या किरायानामा, और जगह की जियो-टैग फोटो, सब एक स्व-सत्यापित PDF में।

क्या हर आवेदक को अनुदान मिलेगा?

नहीं। हर जिले का लक्ष्य तय है, इसलिए इकाइयाँ सीमित हैं और विभाग हर आवेदन का सत्यापन करेगा।

क्या मशीन पहले खरीद लूँ?

नहीं। चयन के बाद और विभाग की खरीद प्रक्रिया जानकर ही खरीदें।

अनुदान की राशि कब मिलेगी, मशीन खरीदने से पहले या बाद में?

मुझे मिले स्रोतों में यह साफ नहीं है। पैसा लगाने से पहले जिला कृषि पदाधिकारी से पूछ लें।

क्या यह मुख्यमंत्री उद्यमी योजना (MMUY) जैसी ही है?

नहीं। यह PM-RKVY के तहत कृषि विभाग की योजना है। MMUY उद्योग विभाग की अलग योजना है। दोनों का लाभ एक साथ लिया जा सकता है या नहीं, यह संबंधित विभाग से पूछें।

क्या यह राष्ट्रीय खाद्य तेल-तिलहन मिशन की योजना जैसी है?

नहीं। उस मिशन के तहत 10 टन क्षमता की तेल प्रसंस्करण इकाई के लिए अलग योजना बताई गई थी, जिसकी अंतिम तारीख 15 सितंबर थी। अनुदान की शर्तें भी अलग हैं।

कोल्ड प्रेस मिल में कौन-से तिलहन पेरे जा सकते हैं?

आमतौर पर सरसों, तिल और मूंगफली। असली क्षमता मशीन के मॉडल पर निर्भर करती है, इसलिए सप्लायर से पूछें।

क्या FSSAI, GST या उद्यम रजिस्ट्रेशन लगेगा?

यह आपके काम पर निर्भर करता है। पैक किए गए खाद्य तेल के लिए आमतौर पर FSSAI लगता है। उद्यम और GST आपके पैमाने और बिक्री पर निर्भर हैं। उत्पादन शुरू करने से पहले पक्का कर लें।

क्या अनुदान में कच्चा माल और चलाने का खर्च शामिल है?

नहीं, अनुदान मशीन की लागत पर है। तिलहन, पैकिंग, बिजली और मजदूरी के लिए अलग पैसा रखें।

क्या इस यूनिट से मुनाफा होगा?

यह आपके तिलहन के भाव, बिक्री भाव, खर्च और बाजार पर निर्भर है। अनुदान से सिर्फ मशीन की लागत घटती है, इसलिए अपने आँकड़ों से हिसाब लगाएँ।

जिला या पात्रता को लेकर संदेह हो तो किससे पूछें?

अपने जिला कृषि पदाधिकारी से, और निवेश से पहले आधिकारिक पोर्टल देखे

कोल्ड प्रेस तेल यूनिट लगाने की सोच रहे हैं? मशीन चुनने और प्रोजेक्ट प्लानिंग में StartupHyper आपकी मदद कर सकता है। कॉल/व्हाट्सऐप: 9472093913

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